
ग्राम पंचायत अंडी विकासखंड मरवाही की श्रीमती रानू कैवर्त आज अपने गांव में महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की प्रेरणादायक मिसाल बन चुकी हैं। कभी सीमित आमदनी के सहारे परिवार चलाने वाली रानू ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन-बिहान से जुड़कर अपने हुनर को आजीविका का मजबूत साधन बनाया और अब एक ‘लखपति दीदी’ के रूप में पहचान बना रही हैं। रानू कैवर्त शिव गुरु महिला स्व-सहायता समूह में सचिव के पद पर हैं। बिहान समूह से मिलने वाली आर्थिक सहायता और मार्गदर्शन को उन्होंने अपनी मेहनत और लगन से जोड़ते हुए आजीविका के कई साधन विकसित किए। उनके समूह द्वारा सिलाई कार्य, कपड़ों की दुकान, किराना स्टोर, बटेर पालन, देशी मुर्गी पालन और हैचरी का कार्य किया जा रहा है। इन विभिन्न गतिविधियों ने रानू और उनके समूह के लिए आय के नए रास्ते खोले हैं। आज इन कार्यों से उनकी वार्षिक आय लगभग 2 से 3 लाख रुपये तक पहुंच गई है। इससे न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है, बल्कि उन्हें अपने पैरों पर खड़े होकर आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर भी मिला है।